Money management in hindi.

 



अधिकतर लोगों को यह एहसास नहीं होता कि जीवन में महत्वपूर्ण यह नहीं है आप कितना ज्यादा पैसा कमाते हैं महत्वपूर्ण तो यह है कि आप कितना ज्यादा पैसा अपने पास रख पाते हैं हम सब ने लॉटरी जीतने वाले गरीब लोगों की कहानियां सुनी हैं जो अचानक अमीर बन गए लेकिन कुछ समय बाद एक बार फिर गरीब हो गए लॉटरी में उन्होंने लाखों करोड़ों डॉलर जीते लेकिन वे जल्द ही वहां लौट आए जहां से उन्होंने शुरुआत की थी या पेशेवर खिलाड़ियों की कहानियां जो 24 साल की उम्र में हर साल लाखों करोड़ों डॉलर कमाते हैं लेकिन 10 साल बाद उन्हें मजबूरन किसी पुल के नीचे सोना पड़ता है.

अगर आप अमीर बनना चाहते हो तो आपको फाइनेंसियल एजुकेशन होना बहुत जरूरी है आपने ऐसे बहुत से लोगों को देखा होगा जो तुरंत लाखपति या करोड़पति बन गए.

लेकिन लंबे समय में यह ज्यादा महत्वपूर्ण नहीं है कि आप कितना पैसा कमाते हैं महत्वपूर्ण तो यह है कि आप कितना पैसा अपने पास रख पाते हैं और इसे कितनी पीढ़ियों तक रखते हैं .

उदाहरण के लिए अगर आप एंपायर स्टेट बिल्डिंग बनाने जा रहे हो तो आपको सबसे पहले तो यह करने की जरूरत है कि एक गहरा गड्ढा खोदे और एक मजबूत नींव डालें अगर आप किसी उपनगरीय इलाके में घर बनाने जा रहे हैं तो आपको बस 6 इंच का कंक्रीट का स्लैप डालने की जरूरत है अधिकतर लोग अमीर बनने की हसरत में 6 इंच के स्लैब पर अंपायर स्टेट बिल्डिंग खड़ी करने की कोशिश कर रहे हैं।

 जब बच्चे स्कूल कॉलेज से निकलते हाय तू उनके पास लगभग कोई वित्तीय नीव नहीं होती है एक दिन उपनगरीय मकान में जब उन्हें रात को नींद नहीं आती है और वे सपनों को देखते हुए गहरे कर्ज में डूब जाते हैं तो वे फैसला करते हैं कि पैसे की जो समस्याएं उनके सामने खड़ी हैं उनका जवाब फटाफट अमीर बनने का कोई तरीका खोजना है इमारत बनने लगती है यह तेजी से ऊपर जाती है और जल्दी ही अंपायर स्टेट बिल्डिंग के बजाय हमारे पास उपनगर की झुकी मीनार आ जाती है उनकी रातों की नींद एक बार फिर उड़ जाती है।

 एकाउंटिंग संभवतः संसार का सबसे पेचीदा और नीरज विषय है लेकिन अगर आप लंबे समय तक अमीर बने रहना चाहते हैं तो यह शायद सबसे महत्वपूर्ण विषय है।

 अगर आप अमीर बनना चाहते हैं तो आपको बस इतना जानने की जरूरत है यह पहला नियम है यही इकलौता नियम है यह बहुत आसान लगता है लेकिन अधिकतर लोगों की इसकी गहराई का अंदाजा नहीं होता और यह नियम है।

 "आपको संपत्ति और दायित्व का फर्क पता होना चाहिए और आपको हमेशा संपत्तियां ही खरीदनी चाहिए।"

 ज्यादातर लोग आर्थिक दृष्टि से संघर्ष से इसीलिए करते हैं क्योंकि उन्हें संपत्ति और दायित्व का फर्क नहीं पता होता अमीर लोग संपत्ति इकट्ठे करते हैं गरीब और मध्यमवर्गीय लोग दायित्व इकट्ठे करते हैं और उन्हें संपत्तियां मानते हैं 

"संपत्ति आपकी जेब में पैसे डालती है और दायित्व आपकी जेब से पैसे बाहर निकालता है संपत्ति और दायित्व के फर्क को इस तरह पहचाना जा सकता है।"

 यह एक संपत्ति का कैश फ्लो पैटर्न है:-




रेखा चित्र का ऊपरी हिस्सा इनकम स्टेटमेंट है जिसे अक्सर प्रॉफिट एंड लॉस स्टेटमेंट कहा जाता है यह आय और व्यय का ब्यौरा देता है कितना पैसा अंदर आया और कितना पैसा बाहर गया रेखाचित्र का निचला हिस्सा बैलेंस शीट है इसका यह नाम इसलिए है क्योंकि माना जाता है संपत्ति और दायित्व को बराबर होना चाहिए अब अगर आप अपनी आईएस ए संपत्तियां खरीदते हैं तो लंबे समय में वे संपत्तियां  आपकी आय को ही बढ़ाएंगे।




 इस रेखा चित्र में देखने से यह स्पष्ट होता है कि आप जब अपनी आय से अपने दायित्व को बढ़ाते हैं तो लंबे समय में  वे दायित्व तो आपके खर्च को ही बढ़ाते हैं अब जब संपत्तियों और दायित्वों को रेखा चित्रों से समझा दिया गया है तो मेरी परिभाषा को शब्दों में समझना ज्यादा आसान हो सकता है कि संपत्ति वह चीज है जो आपकी जेब में पैसा डालती है दायित्व वह चीज है जो आपकी जेब से पैसा बाहर निकालती है आपको दरअसल बस इतना ही जानने की जरूरत है अगर आप अमीर बनना चाहते हैं तो बस जिंदगी भर संपत्तियां खरीदते ही रहें अगर आप गरीब या मध्यमवर्गीय बनना चाहते हैं तो आप जिंदगी भर दायित्व खरीदते रहे।

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