Secret of rich people in Hindi.

 


जैसा कि मैंने पिछली पोस्ट में बताया था सबसे महत्वपूर्ण नियम यह है कि किसी संपत्ति और दायित्व के फर्क को पहचाना जाए एक बार जब आप फर्क समझ लेते हैं तो इसके बाद आमदनी देने वाली संपत्तियां खरीदने पर अपना ध्यान केंद्रित करें यह अमीर बनने के मार्ग पर शुरुआत करने का सबसे अच्छा तरीका है।

यदि ऐसा करते रहेंगे तो आपकी संपत्ति वाला कॉलम बढ़ता रहेगा दायित्व और खर्च को कम रखें ताकि संपत्ति वाले कॉलम में डालते रहने के लिए अधिक पैसा रहे जल्द ही आपकी संपत्ति की बुनियाद इतनी गहरी बन जाएगी कि आप ज्यादा जोखिम भरे निवेशकों की ओर देखने में समर्थ हो सकते हैं ऐसे निवेश जिन पर 100 फ़ीसदी से लेकर असीम लाभ हो सकता है यानी रुपये 5000 के निवेश जो जल्द ही ₹1000000 या अधिक के हो सकते हैं वे निवेश जिन्हें मध्यमवर्ग बहुत जोखिम भरा कहता है वित्तीय दृष्टि से साक्षर व्यक्ति के लिए वह निवेश खतरनाक नहीं होता है और अगर आप वही करते हैं तो ज्यादातर लोग करते हैं अर्थात कि अगर आप नौकरी करते हैं एक कर्मचारी के रूप में जो एक मकान का मालिक भी है तो आप के कामकाजी प्रयास आमतौर पर इस तरह के होते हैं,

1.आप कंपनी के लिए काम करते हैं  कर्मचारी अपनी कंपनी के मालिक या या शेरहोल्डर ओं को अमीर बनाते हैं आपकी मेहनत और सफलता से मालिक को सफलता दिलाते हैं उन्हें रिटायरमेंट लाभ मिलते हैं। 

2.आप सरकार के लिए काम करते हैं  आप पूरा वेतन देख पाए इससे पहले ही सरकार आप के वेतन में से अपना हिस्सा ले लेती है ज्यादा कड़ी मेहनत करके आप बस सरकार को देने वाला टैक्स बढ़ा देते हैं ज्यादातर लोग जनवरी से मई तक सिर्फ सरकार के लिए काम करते हैं।

3. आप बैंक के लिए काम करते हैं  टेक्स के बाद आपका अगला सबसे बड़ा करके आमतौर पर आपका मार्गेज या क्रेडिट कार्ड ऋण होता है।

सिर्फ ज्यादा कड़ी मेहनत करने के साथ समस्या यह है कि इन तीन चीजों कंपनी सरकार और बैंक में से प्रत्येक आपकी ज्यादा मेहनत का ज्यादा बड़ा हिस्सा ले लेता है आपको यह सीखने की जरूरत है कि आपकी ज्यादा मेहनत से किस तरह आपको आपके परिवार को सीधा फायदा मिल सकता है।

एक बार जब आप अपने खुद के काम पर ध्यान केंद्रित करने का निर्णय ले लेते हैं यानी ज्यादा बड़ी तनख्वाह के बजाय संपत्ति करने पर अपने प्रयास केंद्रित कर लेते हैं तो फिर अपने लक्ष्य को कैसे तय करें?

 अधिकतर लोगों को अपनी नौकरी करनी होगी और संपत्ति के वेतन पर भरोसा करना होगा.

 जब आपकी संपत्तियां बढ़ती है तो अपनी सफलता का आंकलन कैसे करें?किसी को कैसे यह पता चले कि अब वे अमीर हैं या अब उनके पास दौलत है?

संपत्ति और दायित्व की परिभाषा के साथ-साथ दौलत की भी अपनी परिभाषा है दरअसल इसे आर बकमिंस्टर फुलर  से उधार लिया है कुछ लोग उन्हें नीम हकीम कहते हैं और बाकी उन्हें प्रतिभाशाली कहते हैं बरसों पहले उन्होंने जिओडैसिक डोम के पेटेंट के लिए आवेदन देकर आर्किटैक्ट्स को हैरान कर दिया था उस आवेदन में फुलर ने दौलत के बारे में भी कुछ कहा था। 

पहली बार पढ़ने पर इसका मतलब आपको समझ नहीं आएगा लेकिन कई बार पढ़ने के बाद मतलब समझ में आने लगेगा।

 "दौलत इंसान की आगे कितने दिनों तक जिंदा बचे रहने की योग्यता है, यानी अगर मैं आज काम करना छोड़ दूं तो मैं कितने समय तक जिंदा रह सकता हूं?"

 यह नेट वर्थ से भिन्न है जो आपकी संपत्ति और दायित्व के बीच का अंतर है नेटवर्थ में अक्सर किसी व्यक्ति के महंगे बेकार सामान भरे होते और उन सभी का परिकल्पित मूल्य जोड़ लिया जाता है फुलहर की परिभाषा से आपको आकलन का सचमुच सटीक पैमाना मिल जाता है अब आप हिसाब लगा सकते हैं और जान सकते हैं कि आर्थिक दृष्टि से आत्मनिर्भर बनने के लिए अपने लक्ष्य के संदर्भ में आप की क्या स्थिति है नेटवर्थ में अक्सर ऐसी संपत्तियां भी आ जाती हैं जिनसे आमदनी नहीं होती जैसे वह चीज जिसे आपने खरीदा था और जो अब आपके गैराज में खड़ी है मगर दौलत का सीधा सा हिसाब यह है कि आप पैसा कितने कमा रहे हैं यानी आर्थिक दृष्टि से आप कितने समय तक जिंदा रह सकते हैं।

आइए एक उदाहरण के माध्यम से समझते हैं,

मान लेते हैं कि मेरी संपत्ति वाले कॉलम से मुझे हर महीने ₹1000 का कैश फ्लो मिलता है और मेरी मासिक खर्च ₹2000 हैं  मेरे पास कितनी दौलत है बकमिंस्टर फुलर की परिभाषा पर लौटते हुए उनकी परिभाषा का इस्तेमाल करते हुए मैं आगे कितने दिन तक जिंदा रह सकता हूं अगर हम एक महीने में 30 दिन मान ले तो मेरे आने के लिए पर्याप्त कैश फ्लो है जब भी मुझे अपनी संपत्तियों से 2000 रुपए का मासिक कैश फ्लो मिलने लगेगा तो आप दौलतमंद बन जाओगे.

अमीर लोग संपत्तियां खरीदते हैं.

 गरीब लोग सिर्फ खर्च करते हैं.

 मध्यमवर्गीय लोग दायित्व खरीदते हैं लेकिन सोचते हैं कि वे संपत्तियां खरीद रहे हैं .

मेरा अगला लक्ष्य यही होगा कि मेरी संपत्तियों से प्राप्त कैशफ्लो का जो हिस्सा महीने के अंत में बच जाता है उसे दोबारा संपत्ति वाले कॉलम में इन्वेस्ट कर दूं मेरे संपत्ति वाले कॉलम में जितना ज्यादा पैसा जाएगा संपत्ति वाला कॉलम उतना ही ज्यादा बढ़ेगा मेरी संपत्तियां जितनी ज्यादा बढ़ेगी उनसे मिलने वाला कैशफ्लो भी उतना ही ज्यादा बढ़ेगा और जब तक मैं अपने खर्च को इन संपत्तियों से मिलने वाले कैश फ्लो से कम रखता हूं तब तक मैं ज्यादा अमीर बनता रहूंगा।

ध्यान देने वाली बात यह है कि मेरी आमदनी शारीरिक मेहनत से नहीं बल्कि दूसरे जरियों से हो रही है जब तक दोबारा इन्वेस्ट की है प्रक्रिया जारी रहती है तब तक मैं अमीर बनने की राह पर अच्छी तरह चलता रहूंगा बस इस सरल सबको याद रखें।

अब आप जान गए होंगे कि अमीर लोग क्या करते हैं या अमीर कैसे बने।

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