क्या होगा अगर पृथ्वी घूमना बंद कर दे

 पृथ्वी जिस पर हम सभी लोग रहते हैं,एक इकलौता ऐसा ग्रह है जिस पर जीवन संभव है यह बात आप सब लोग भली-भांति जानते होंगे,

आप सब लोग यह बात भी अच्छी तरह से जानते होंगे कि पृथ्वी सूर्य के चारों ओर चक्कर लगाती है और अपनी धुरी पर भी घूमती रहती है जिसके कारण ही दिन रात होते हैं तो इस तरह से हमें समझ में आता है कि पृथ्वी का सूर्य के चारों तरफ चक्कर लगाना बहुत ही महत्वपूर्ण है और उससे भी ज्यादा महत्वपूर्ण है कि पृथ्वी अपनी धुरी पर घूमती रहे पृथ्वी की अपनी धुरी पर घूमने के कारण ही दिन रात होते हैं और क्या आपको पता है कि पृथ्वी अपनी धुरी पर 1600 किलोमीटर प्रति घंटा की चाल से चक्कर लगाती है और इस तरह से हम लोग भी पृथ्वी के सापेक्ष उसी चाल से घूमते रहते हैं लेकिन आप लोग सोच रहे होंगे कि फिर ऐसा क्यों होता है कि हमें पता क्यों नहीं चलता है और अगर हम अपनी चाल से चक्कर लगाते हैं तो हमें अंतरिक्ष में पहुंच जाना चाहिए ऐसा इसलिए नहीं होता है क्योंकि इस समय हम लोगों पर दो बल कार्य कर रहे हैं एक बल हम पर पृथ्वी लगाती है जिसका नाम होता है गुरुत्वाकर्षण बल और दूसरा बल जिसका नाम होता है वायुमंडलीय बल जिसकी वजह से हम लोग अंतरिक्ष में नहीं जाते हैं,

 तो आज की पोस्ट में मैं आपको बताऊंगा कि क्या होगा अगर पृथ्वी अपनी धुरी पर चक्कर लगाना बंद कर दे या फिर पृथ्वी घूमना बंद कर दे तो चलिए शुरू करते हैं,

1. सबसे पहले तो अगर पृथ्वी चक्कर लगाना बंद कर देगी तो सारी चीजें सोलह सौ किलोमीटर प्रति घंटा की चाल से आगे की ओर भागने लगेंगे सारे मनुष्य पूर्व की ओर सोलह सौ किलोमीटर प्रति घंटा की चाल से भागने लगेंगे और पृथ्वी पर एक भयंकर तूफान आ जाएगा क्योंकि पृथ्वी पूर्व की ओर ही घूमती है और ऐसा इसलिए होगा क्योंकि आप जड़त्व का सिद्धांत तो जानते ही होंगे जिसके अनुसार पृथ्वी अगर अचानक घूमना बंद कर दे तो सारी चीजें आगे की ओर भागने लगेंगे।

2. यह तबाही यही नहीं रुकेगी सारे समुद्र का पानी भी आगे की ओर बढ़ने लगेगा और पृथ्वी के कई देश पानी में पूरी तरह से डूब जाएंगे चीजें यहीं पर नहीं रुकेंगे पृथ्वी के अपनी जगह पर रुक जाने से और भी तबाही होगी और आसमान में उड़ने वाले जहाज भी इन चीजों से नहीं बच पाएंगे क्योंकि जैसे-जैसे वायुमंडल तेजी से आगे बढ़ेगा जहाज भी उससे अपने आप को नहीं बचा पाएंगे और फल स्वरुप से बहुत ही ज्यादा नुकसान होगा।

3.पृथ्वी के अपनी जगह रुक जाने से पृथ्वी का आकार एकदम गोल हो जाएगा जिसकी वजह से इस पृथ्वी में जगह-जगह से दर्रे आ जाएंगे और जहां पर ऊंचाई होगी वहां पर भी समतल हो जाएगा और जहां पर गहराई होगी वहां पर भी समतल हो जाएगा मतलब की पूरी पृथ्वी एक समान रूप से समतल हो जाएगी और सब कुछ इसके अंदर समा जाएगा।

4. अगर पृथ्वी अपनी धुरी पर चक्कर लगाना बंद कर दे तो जहां 1 दिन 12 घंटे का और राज 12 घंटे की होती है उसकी जगह पर दिन और रात की लंबाई 365 दिन हो जाएगी इसके पीछे कारण यह है कि पृथ्वी अपनी धुरी पर तो चक्कर लगाएगी नहीं इसकी बजाय पृथ्वी सूर्य के चारों ओर चक्कर लगाती रहेगी तो जब तक पृथ्वी 365 दिन में सूर्य का एक चक्कर लगाएगी तब तक उसका एक हिस्सा सूर्य के सामने ही रहेगा और उस पर हमेशा उजाला ही रहेगा और वही दूसरा हिस्सा सूर्य के पीछे ही रहेगा जिस पर 365 दिन के लिए अंधेरा ही रहेगा तो यह भी एक बहुत बड़ा नुकसान होगा अगर पृथ्वी रुक जाती है।

5.पृथ्वी के अपनी सतह पर घूमना बंद कर देने से सबसे बड़ा नुकसान जो होगा वह यह है कि पृथ्वी का इलेक्ट्रो मैग्नेटिक फील्ड एकदम से खत्म हो जाएगा क्योंकि इलेक्ट्रो मैग्नेटिक फील्ड पृथ्वी में जो है उसका केवल यही कारण है कि उसके गर्भ में जो लिक्विड आयरन और निकिल भरा हुआ है वह तब ठीकरिया करते हैं जल पृथ्वी अपनी धुरी पर घूमती है जिसके फलस्वरूप अब हिलते हैं और आपस में रासायनिक क्रिया करते हैं लेकिन अगर पृथ्वी अपनी धुरी पर स्थित हो जाएगी तो यह क्रिया भी नहीं करेंगे और पृथ्वी का विद्युत चुंबकीय क्षेत्र खत्म हो जाएगा जिसके फलस्वरूप सूर्य से आने वाली हानिकारक किरणों और तरंगे पृथ्वी पर सारी चीजों को नष्ट करके रख देंगे और पृथ्वी पर पूरी तरह से विनाश हो जाएगा तो यह सब होगा अगर पृथ्वी अपनी धुरी पर चक्कर लगाना बंद कर देती है जो बहुत ही भयावह होगा।

धन्यवाद

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