निवेश और सट्टेबाजी में क्या अंतर है, क्या करना चाहिये?

 


शेयर मार्केट के सबसे बुनियादी नियमों में से एक है निवेश और सट्टेबाजी की गतिविधियों को पूरी तरह से अलग रखना। 

शेयर मार्केट में पैसा लगाने से पहले आपके दिमाग में हमेशा एक बात जरूर होनी चाहिए कि आपको पता होना चाहिए कि आप यह पैसा निवेश कर रहे हैं या फिर सट्टा लगा रहे हैं,

़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़

 तो आज की पोस्ट में मैं आपको निवेश और सट्टेबाजी में अंतर करके बताऊंगा कि निवेश क्या होता है और सट्टेबाजी क्या होती है तो चलिए शुरू करते हैं,

निवेश ग्राहम की निवेश की परिभाषा के अनुसार,

  •   निवेश करने के दौरान आप पूरी तरह से कंपनी का विश्लेषण करते हैं, 
  • इसमें आपके मूलधन की पूरी सुरक्षा रहती है,
  • साथ ही साथ निवेश आपके पर्याप्त रिटर्न का वायदा करता है।
 सट्टेबाजी की परिभाषा के अनुसार,

  • एक सट्टेबाज जुआ खेलता है कि शेयर कीमत में ऊपर जाएगा क्योंकि कोई और इसके लिए और भी अधिक भुगतान करेगा।
  • एक सट्टेबाज के लिए स्टॉक मार्केट का दैनिक आंकड़ा ऑक्सीजन की तरह है जिसे यदि बंद कर दो तो वह मर जाएगा जबकि निवेशकों के लिए ग्राफीय आंकड़ों का बहुत कम महत्व है।

़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़


         आपको निवेश कब करना चाहिए?

इस प्रश्न के पैसे तो बहुत सारे जवाब हैं आपको निवेश करने से पहले बहुत सारी चीजों का ध्यान रखना चाहिए लेकिन कुछ चीजें मैं आपके सामने नीचे रख रहा हूं।

  1. आप केवल तभी उस कंपनी में निवेश करें जब आप उस स्थिति में भी सुखी सुखी उस कंपनी के मालिक बने रहें जब आपके पास उस स्टॉक की दैनिक शेयर कीमत जानने का कोई तरीका ना हो।
  2. इससे पहले कि आप किसी कंपनी का स्टॉक खरीदें आपको अच्छी तरह से कंपनी का विश्लेषण करना चाहिए और उसके सारे व्यवसाय की दृढ़ता को भी निश्चित कर लेना चाहिए कि लंबे समय में भी व्यवसाय कैसे चलेंगे

                         निवेश vs सट्टेबाजी

  •  निवेश एक ऐसे अनोखे प्रकार का जुआ है जहां आप अंत में हार नहीं सकते हैं बशर्ते आप सिर्फ उन नियमों से खेलें जो जीतने की संभावनाएं आपके पक्ष में रखते हुए।
  •  निवेश करने वाले लोग अपने लिए पैसा कमाते हैं जबकि सट्टा लगाने वाले लोग अपने दलालों के लिए पैसे बनाते हैं।
  • एक निवेशक हमेशा लंबे समय में फायदे में ही रहता है और एक सट्टेबाज हमेशा लंबे समय में अपना फायदा और नुकसान या तो बराबर कर लेता है या फिर हमेशा नुकसान में ही रहता है ।

                   सट्टेबाजी कैसे करें?

  • ग्राहम कहते हैं कि जब आप सट्टेबाजी करते हैं तो यह बात आपके दिमाग में पूरी तरह से साफ होनी चाहिए.
  •  आपको वैसा ही व्यवहार करना चाहिए जैसा कि अनुभवी जुआरी जुआ खेलते समय करते हैं।
  •  आपको कभी यह सोचने में खुद को भ्रमित नहीं करना चाहिए कि आप निवेश कर रहे हैं जबकि आप सट्टेबाजी कर रहे हो अगर आप ऐसा करते हैं तू अब मानसिक रूप से भी टूट सकते हैं।
  • जब आप इसे गंभीरता से लेना शुरू करते हैं तो सट्टेबाजी प्राणघातक रूप से खतरनाक हो जाती है।
  •  उस राशि को निश्चित कर लेना चाहिए जिसे आप सट्टेबाजी में दांव पर लगाने के इच्छुक हैं उससे एक भी रुपया ज्यादा नहीं।
  • जैसे कि समझदार जुआरी करते हैं वे जुआ खेलते समय केवल हजार रुपए जेब में डाल कर ले जाते हैं और अपने बाकी पैसे कमरे की तिजोरी में बंद करके आते हैं। 


 ़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़़


                बेन्जामिन ग्राहम की सलाह

अंत में मैं आपसे यही कहना चाहूंगा जुआ प्रवृत्ति मानव प्रकृति का हिस्सा है इसीलिए अधिकांश लोगों के लिए इसे दबाने की कोशिश करना भी व्यर्थ है लेकिन आपको इसे सीमित और संयोजित करना होगा इसके लिए आप निम्न कदम उठा सकते हैं,

  • अपने पोर्टफोलियो का एक छोटा हिस्सा पागल धन खाते के रूप में रखें।
  • आपके निवेश खातों में जो भी धन है उसे अपने सट्टा खाते के धन के साथ कभी ना मिलाएं।
  •  कभी भी अपनी सट्टा सोच को अपनी निवेश गतिविधियों में फैलने की अनुमति ना दें अपने पागल धन खाते में 10% से अधिक संपत्तियों को कभी भी ना डालें चाहे कुछ भी हो जाए। 
  • सट्टेबाजी को निवेश समझने की मूर्खता ना करें इसे सुनिश्चित करने का एकमात्र सबसे अच्छा यह ही तरीका है।

Bonus Tip

 ग्राहम हमें बताते हैं,
 "स्टाक भविष्य में अच्छा या खराब प्रदर्शन सिर्फ इसीलिए करते हैं क्योंकि उनके पीछे व्यवसाय अच्छा या खराब प्रदर्शन करते हैं ना इससे कुछ ज्यादा ना इससे कुछ कम।
 इसीलिए किसी भी कंपनी के स्टाक को लेने से पहले उसके पीछे के व्यापार को अच्छी तरह से और दृढ़ता पूर्वक जांच लेना चाहिए।"

No comments:

Powered by Blogger.